

Pregnancy
9 January 2026 को अपडेट किया गया
प्रेग्नेंसी में रागी का सेवन मां और बच्चे दोनों के लिए फायदेमंद हो सकता है। खाने का पोषक मूल्य बढ़ाने के लिए बहुत से दक्षिण एशियाई पकवानों में इस अनाज का इस्तेमाल किया जाता है। रागी में प्रोटीन, मिनरल, कैल्शियम, आयरन और नेचुरल फैट होता है। ये पोषक तत्व भ्रूण के विकास और मां को स्वस्थ्य रखने में सहायक होते हैं।
रागी भारत में पसंद किया जाने वाला बाजरा है और ये कई तरह के अलग-अलग पकवान बनाने में इस्तेमाल किया जाता है। ये बाजरा सरसों के बीज जैसा दिखता है और इसे अंग्रेजी में फिंगर माइलेट कहते हैं। रागी के आटा दोसा, इडली, रागी अडाई और दलिया बनाने में इस्तेमाल होता है।
रागी बिना पॉलिश किया बाजरा है, क्योंकि प्रोसेस करने के लिए ये काफी छोटा होता है। रागी में मौजूद ज्यादा आयरन और कार्बोहायड्रेट के चलते ये सभी के लिए आदर्श ब्रेकफ़ास्ट है।
रागी के स्वास्थ्य से जुड़े कई फायदों के बावजूद, कुछ महिलाएं इसे खाने से बचती हैं। ऐसा इसलिए है, क्योंकि उनको ये विश्वास होता है कि रागी खाने से बच्चे का रंग काला होगा। ये एक बेतुका मिथक है, क्योंकि इसका कोई भी वैज्ञानिक सबूत नहीं है कि रागी का बच्चे के कॉम्प्लेकशन पर असर पड़ता है। बच्चे का कॉम्प्लेकशन पूरी तरह से विरासत में मिले अनुवांशिक लक्षणों पर निर्भर करता है।
बल्कि रागी डिलीवरी के बाद भी मांओं के लिए बेहतर मानी जाती है। इसके सेवन से कब्ज की दिक्कत से छुटकारा मिल जाता है, तो दूध की आपूर्ति में सुधार के साथ अनिद्रा में फायदा मिलता है। फिर भी गर्भवती महिलाओं को रागी को अपनी डाइट में शामिल करने से पहले डॉक्टर से सलाह ले लेनी चाहिए।
रागी को पॉवरहाउस सामग्री कहा जाता है, क्योंकि इसमें जरूरी पोषक तत्व होते हैं।
प्रेग्नेंसी में रागी के फायदों को कम नहीं आंका जा सकता है, क्योंकि ये बच्चे और मां के लिए बेहतरीन सुपर फ़ूड है। रागी के पोषक तत्व मां को जरूरी ऊर्जा देते हैं और भ्रूण के विकास में भी मदद करते हैं।
प्रेग्नेंसी में रागी के स्वास्थ्य से जुड़े फायदों के बारे में नीचे बताया गया है।
1. आवश्यक पोषक तत्वों से बना: रागी में विटामिन, मिनरल। फाइबर और नेचुरल फैट होते हैं। ये पोषक तत्व गर्भवती महिलाओं के अच्छे स्वास्थ्य और भ्रूण विकास के लिए जरूरी हैं
2. अनिद्रा से बचाता है: रागी में मौजूद एमिनो एसिड गर्भवती महिलाओं की में अनिद्रा से लड़ने में मदद करता है जो प्रेग्नेंसी हार्मोन की वजह से बढ़ जाती है।
3. दूध की आपूर्ति को बढ़ाता है: चूंकि रागी में एमिनो एसिड, कैल्शियम और आयरन अच्छी मात्रा में होते हैं इसलिए ये लेक्टेशन में भी मदद करता है। पोषक तत्व रागी को उन महिलाओं के लिए एक जरूरी फ़ूड बना देते हैं जो मां बन चुकी हैं और बच्चे को दूध पिलाना चाहती हैं।
4. प्रेग्नेंसी के दौरान डायबिटीज को रोकता है: डॉक्टर उन गर्भवती महिलाओं को रागी खाने की सलाह देते हैं जिनको इस दौरान डायबिटीज होने की संभावना ज्यादा है। ऐसा इसलिए है क्योंकि रागी में पोलीफेनॉल्स (polyphenols) खूब होता है जिसके चलते ब्लड शुगर अपने आप ही कम हो जाती है।
5. तनाव कम करता है: वो गर्भवती महिलाएं जो बहुत तनाव लेती हैं या वो अवसादग्रस्त हैं, तो उन्हें डाइट में रागी शामिल कर लेना चाहिए। रागी में मौजूद अमिनो एसिड तनाव और डिप्रेशन कम करने में मदद करता है। तनाव कम करना अहम लेकिन अक्सर नजरअंदाज कर दिया जाने वाला फायदा है जो रागी देता है।
6. कोलेस्ट्रॉल स्तर नियंत्रित रखता है: प्रेग्नेंसी में कोलेस्ट्रॉल का बढ़ा हुआ स्तर मां और अजन्मे बच्चे दोनों के लिए खतरा होता है। उच्च कोलेस्ट्रॉल स्तर की वजह से हायपरटेंशन और दूसरी स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें हो सकती हैं। रागी में लेसिथिन और मेथियोनीन अच्छी मात्रा में होता है जिसके साथ मां का कोलेस्ट्रॉल स्तर ठीक रहता है।
7. एनीमिया से बचाता है: गर्भावस्था में एनीमिया रोकना जरूरी होता है, क्योंकि इसका असर भ्रूण के विकास पर पड़ता है। रागी में आयरन और विटामिन सी काफी होते हैं जो प्रेग्नेंसी में एनीमिया होने से रोकते हैं।
रागी पोषक तत्वों से भरपूर होता है और इसको एक दिन में इस्तेमाल करने की कोई एक तय मात्रा नहीं है। हालांकि गर्भवती महिलाओं को अपनी डाइट के साथ कुछ ज्यादा ही सावधानी बरतने की जरूरत होती है, क्योंकि उनके स्वास्थ्य पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। प्रेग्नेंसी में डॉक्टर के बताए डाइट प्लान को अपनाना जरूरी होता है।
गर्भावस्था के दौरान रागी के जरूरत से ज्यादा सेवन की वजह से ब्लोटिंग, दस्त और पाचन से जुड़ी दूसरी दिक्कते हो सकती हैं। रागी से उन महिलाओं को भी बचना चाहिए जिनको पहले से ही स्वास्थ्य से जुड़ी दिक्कते जैसे किडनी की बीमारी या थायरॉइड असंतुलन है। रागी में मौजूद प्रोटीन और गोयट्रोजेनिक (goitrogenic) कंपाउंड स्वास्थ्य से जुड़ी इन दिक्कतों को बढ़ा सकते हैं। स्वास्थ्य से जुड़ी परेशानियों से बचने के लिए गर्भवती महिलाओं को रागी खाने से पहले डॉक्टर से परामर्श ले लेना चाहिए।
रागी एक बेहतरीन सुपर फ़ूड है जो गर्भवती महिलाओं के लिए चमत्कार करता है। ये बच्चे और मां को जरूरी पोषक तत्व देने में मदद करता है। रागी और तरह-तरह की रेसिपी में इसके इस्तेमाल के बारे में जानने के लिए Mylo ऐप विजिट करें।
1. Kumar A, Metwal M, Kaur S, Gupta AK; et al. (2016). Nutraceutical Value of Finger Millet [Eleusine coracana (L.) Gaertn.], and Their Improvement Using Omics Approaches. Front Plant Sci.
2. Shobana S, Krishnaswamy K, Sudha V; et al. (2013). Finger millet (Ragi, Eleusine coracana L.): a review of its nutritional properties, processing, and plausible health benefits. Adv Food Nutr Res.
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Written by
Parul Sachdeva
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